याकूब की फांसी के लिए पहुंची खास टीम, कसाब को लटकाया था सूली पर
नागपुर. आतंकी अजमल कसाब को येरवदा जेल में फांसी देते समय जो पुलिस जवान जेल के अंदर की बागडोर संभाले हुए थे, उन 35 जवानों का दल नागपुर की जेल में दाखिल हो चुका है।
बता दें कि मुंबई बम विस्फोट के दोषी याकूब मेमन को नागपुर की मध्यवर्ती कारागार में फांसी देने की तैयारी लगभग पूरी हो चुकी है। जेल के अंदर की सुरक्षा व्यवस्था की बागडोर संभालने के लिए जेल अधीक्षक योगेश देसाई ने 35 पुलिस जवानों के उस दल को येरवदा जेल से नागपुर बुला लिया है, जिन्होंने आतंकी अजमल कसाब को फांसी देते समय वहां जेल के अंदर की सुरक्षा व्यवस्था की बागडोर संभाली थी।
नागपुर की क्यूआरटी (क्विक रिस्पांस टीम) ने जेल के बाहर गश्त लगानी शुरू कर दी है। क्यूआरटी के जवानों को पूरी मुस्तैदी के साथ गश्त लगाने की अनुमति पुलिस आयुक्त शारदा प्रसाद यादव ने दी है। क्यूआरटी के इन जवानों का अलग-अलग दल बनाया गया है।
मुस्तैदी : शहर पुलिस यातायात विभाग के जवान भी पूरी तरह कमर कस चुके हैं। मंगलवार को शहर यातायात पुलिस उपायुक्त भारत तांगडे के मार्गदर्शन में यातायात पुलिस विभाग के जवानों ने नाकाबंदी के तहत चार पहिया वाहनों की गहन जांच की। शहर के रहाटे कॉलोनी चौक में चार पहिया वाहनों की जांच के दौरान कतारें लग गईं थीं।
पहरेदारी : जेल के पहले प्रवेश द्वार से पहले ही कुछ दूरी पर बैरिकेड्स लगा दिए गए हैं। शहर के बाहर रिंग रोड पर भी पुलिस की पहरेदारी है।

No comments:
Post a Comment